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  • श्री कृष्णा भगवान ने अर्जुन से कहा

    अक्षराणामकारोऽस्मि द्वन्द्वः सामासिकस्य च ।
    अहमेवाक्षयः कालो धाताहं विश्वतोमुखः ॥१०- ३३॥

    मैं अक्षरों में अकार हूँ और समासों में द्वंद्व नामक समास हूँ। अक्षयकाल अर्थात्‌ काल का भी महाकाल तथा सब ओर मुखवाला, विराट्स्वरूप, सबका धारण-पोषण करने वाला भी मैं ही हूँ॥33॥

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Krishna Kutumb
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