Loading...

Shiv Das

जब कृष्ण अर्जुन को गीता सुना रहे थे तब कौन कौन सुन रहे थे ?

उनके नाम लिखिये।

Download Image
|6|3
  • Shiv DasDevotee

    |3|0|0

    गीता सुनने वाले चार व्यक्ति -

    1. कृष्ण सखा अर्जुन - इन्हें कृष्ण सुना रहे थे जिससे वे युद्ध करने को उद्यत हों।

    2.रामभक्त हनुमान - ये अर्जुन के रथ की ध्वजा में विराजित थे। युद्ध में अर्जुन को पराजित करने हेतु शत्रु पक्ष के योद्धा उन पर व्यभिचार कर्म (टोने - टोटके) भी किये,युद्ध समाप्ति के पश्चात कृष्ण अर्जुन को रथ से उतरने को बोले फिर स्वयं उतर गए उनके बाद हनुमान जी उतरे हनुमान जी के उतरते ही रथ जलकर भष्म हो गया । रथ की रक्षा का दायित्व हनुमान जी का था इसलिए वे उनमें कृष्ण आज्ञा से युद्ध समाप्ति तक सदैव विराजित रहे।

    3. महाबली भीम के पौत्र और महामायावी घटोत्कच के पुत्र बर्बरीक - कृष्ण स्वयं इनकी हत्या कर दिए और इनका सिर पर्वत स्थित विशाल वृक्ष पर टांग दिए जहाँ से ये सब कुछ देख रहे थे (कृष्ण आशीर्वाद से) । जब महाभारत खत्म हुआ तो अर्जुन अथवा युधिष्ठिर कहने लगे कि हमने पूरा युद्ध किया तब कृष्ण उन्हें बर्बरीक के पास ले गए । कृष्ण पूछे कि युद्ध किसने किया और कौन मरे ? तो बर्बरीक बोले केवल प्रभु श्रीकृष्ण ही पूरा युद्ध किये । कृष्ण ही सबको मारे और सारे कृष्ण मारे गए। (गीता सुन उन्हें ज्ञान हो चुका था।) बर्बरीक कलियुग में कृष्णकृपा से खाटूश्याम नाम से पूजे जाते हैं।

    4. यमराज अवतार सञ्जय - व्यास जी की कृपा से प्राप्त दिव्य दृष्टि से इन्होंने पूरा युद्ध देखा और वहाँ का हाल धृतराष्ट्र को सुनाने लगे । ये कृष्ण जी के परम भक्त हैं एक शाप के कारण इन्हें जन्म लेना पड़ा।

    Download Image
  • Vishal VaishnavDevotee

    |5|0|0

    पौराणिक कथा के अनुसार जिस समय भगवान श्री कृष्ण कुरुक्षेत्र की रणभूमि में पार्थ (अर्जुन) को गीता के निष्काम कर्मयोग का उपदेश दे रहे थे उस समय धनुर्धारी अर्जुन के अलावा इस उपदेश को विश्व में चार और लोग सुन रहे थे जिसमें (1) पवन पुत्र हनुमान, (2) महर्षि व्यास के शिष्य तथा धृतराष्ट्र की राजसभा के सम्मानित सदस्य संजय,(3) धृतराष्ट्र और (4)बर्बरीक शामिल थे।