Loading...

Why Doorva is offered to Ganeshji?

गणेश जी को दूर्वा क्यों चढ़ाई जाती है ?

Write your answer here
  • Ratnesh Kumar Sahu

    ॐ श्रीगणेशाय नम:

    दूर्वा अर्थात दूबी / दुब एक प्रकार का घांस होता है जिसके द्वारा गणेशपूजन से गणेश जी प्रसन्न होते हैं।
    21 दूर्वा को एकत्रित कर एक गांठ बनाई जाती है इस प्रकार 21 गांठे बनाकर गणेश जी के मस्तक पर चढ़ाया जाता है।

    गणेश जी को दुब चढ़ाने की कथा -
    प्राचीनकाल में अनलासुर नामक एक महाभयंकर असुर था जिससे सभी देव मनुष्य इत्यादि भयभीत थे। अनलासुर से परेशान देवता तथा ऋषिजन देवराज इंद्र सहित महादेव जी के शरण में पहुँचे और असुर अनल को समाप्त करने की प्रार्थना करने लगे। भोलेनाथ जी उनकी प्रार्थना सुनकर उन्हें गणेश जी के पास भेज दिए। गणेश जी देवों और ऋषि - महर्षियों की प्रार्थना सुनकर अनल को मारने का निश्चय कर बैठे। अनल एक महासुर (महा - असुर)था जो सभी को निगल जाया करता था उनकी मृत्यु गणेश जी द्वारा ही सम्भव था।
    गणेश जी असुर अनल को स्वयं निगल गए। किन्तु अनल के पेट मे जाने से विनायक जी को पेट मे जलन होने लगा। कई उपायों के पश्चात भी जब गणपति जी के पेट का जलन शांत नही हुआ तब महर्षि कश्यप जो सप्त ऋषियों में प्रमुख हैं ने उन्हें दूर्वा नामक घांस की 21 गांठे बनाकर खाने हेतु दिए , उनके सेवन से ही गणेश जी के पेट का जलन शांत हुआ।
    तभी से गणेश जी को दूर्वा चढ़ाने की परंपरा है।
    ।।जय श्रीगणेश।।
    शिव शिव शिव ...

Other Posts

Krishna Kutumb
Blog Menu 0 0 Log In
Open In App